रांची में रिम्स अस्पताल में गंभीर मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही है। वर्तमान में क्रिटिकल केयर आईसीयू में केवल 45 बेड उपलब्ध हैं। अधिकतर समय सभी बेड भरे रहते हैं। इस कारण मरीजों को लंबा इंतजार करना पड़ता है। कई मरीजों को वेंटिलेटर के लिए घंटों इंतजार करना पड़ता है। कई बार मरीज एंबुलेंस में ही इलाज का इंतजार करते हैं। इस स्थिति से मरीजों और परिजनों को काफी परेशानी होती है। अस्पताल प्रबंधन भी दबाव में रहता है। स्वास्थ्य व्यवस्था पर इसका असर साफ दिखता है। अब इस समस्या से राहत की उम्मीद जगी है।
रिम्स परिसर में 100 बेड का आधुनिक क्रिटिकल केयर यूनिट बनाया जा रहा है। यह यूनिट विश्राम गृह के सामने तैयार हो रहा है। निर्माण कार्य तेजी से जारी है। लगभग आधा काम पूरा हो चुका है। निर्माण एजेंसी को इस साल के अंत तक काम पूरा करने का निर्देश दिया गया है। यह परियोजना करीब 50 करोड़ रुपये की लागत से बन रही है। पहले यह योजना 50 बेड की थी। बाद में इसे बढ़ाकर 100 बेड किया गया। इससे आईसीयू बेड की कमी कम होगी। गंभीर मरीजों को समय पर इलाज मिलेगा।
नई क्रिटिकल केयर यूनिट में आधुनिक सुविधाएं होंगी। ग्राउंड फ्लोर पर इमरजेंसी एंट्री की सुविधा होगी। यहां एडवांस ट्रॉमा सपोर्ट और 24 घंटे जांच की सुविधा रहेगी। मरीजों के लिए विशेष कॉरिडोर बनाए जा रहे हैं। पहली मंजिल पर हाई डिपेंडेंसी यूनिट होगी। दूसरी मंजिल मुख्य आईसीयू फ्लोर होगा। तीसरी मंजिल पर न्यूरो और कार्डियक केयर की सुविधा होगी। वेंटिलेटर और डायलिसिस की व्यवस्था भी रहेगी। इस सुविधा से मरीजों को बड़ा लाभ मिलेगा। यह स्वास्थ्य सेवा में बड़ा सुधार साबित होगा।



