अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कैलिफोर्निया राज्य की गैस से चलने वाली कारों को चरणबद्ध रूप से बंद करने की योजना पर रोक लगाने वाले प्रस्तावों पर हस्ताक्षर किए। ट्रंप के इस कदम को डेमोक्रेटिक जलवायु नीति के खिलाफ एक करारा प्रहार माना जा रहा है। कैलिफोर्निया ने इस फैसले को तुरंत अदालत में चुनौती दी है।
कैलिफोर्निया की योजना थी कि 2035 तक केवल पेट्रोल से चलने वाली गाड़ियों की बिक्री बंद कर दी जाएगी। व्हाइट हाउस में हस्ताक्षर समारोह के दौरान ट्रंप ने इस योजना को देश के लिए “एक आपदा” बताया। उन्होंने कहा कि यह कदम ऑटो उद्योग को “विनाश” से बचाएगा। कैलिफोर्निया के अटॉर्नी जनरल रॉब बॉन्टा ने कहा कि यह फैसला न केवल गैरकानूनी है, बल्कि देश की अर्थव्यवस्था और पर्यावरण के लिए भी खतरा है।
बॉन्टा ने कहा कि ट्रंप प्रशासन के खिलाफ यह 26वीं बार होगा जब राज्य अदालत जाएगा। कैलिफोर्निया लंबे समय से क्लीन एयर एक्ट के तहत विशेष छूट का उपयोग करता रहा है ताकि वह अपने राज्य में सख्त उत्सर्जन मानक लागू कर सके। कैलिफोर्निया की नीतियों का असर देश के अन्य राज्यों पर भी पड़ता है, क्योंकि कई राज्य इसके मानकों का पालन करते हैं। यह कदम ट्रंप और कैलिफोर्निया के बीच पहले से चल रहे टकराव, खासकर प्रवासन और प्रदर्शन नियंत्रण के मुद्दों पर, और बढ़ाता है।



