उत्तरकाशी, उत्तराखंड: उत्तराखंड के धराली में आई भीषण बाढ़ के बाद से वहां के लोगों का दर्द और बढ़ गया है। बाढ़ प्रभावित लोग अब सरकार से गुहार लगा रहे हैं कि “राशन ले जाओ, हमें परिवार से मिलाओ।” यह अपील उनके अपनों से बिछड़ने और उनके बारे में खबर न मिलने की पीड़ा को दर्शाती है।
धराली गांव बाढ़ से सबसे ज्यादा प्रभावित हुआ है। यहां के निवासियों को अपने पीछे छूट गए प्रियजनों के बारे में खबर जानने की बेसब्री से इंतजार है। इस आपदा में कई घर, दुकानें और सड़कें बह गई हैं, जिससे लोग एक-दूसरे से कट गए हैं। राहत कार्यों में लगे सरकारी अधिकारी और बचाव दल मलबे में फंसे लोगों को निकालने और लापता लोगों की तलाश करने में जुटे हैं।
हालांकि, राहत अभियान को तेजी से चलाया जा रहा है, लेकिन लोगों की सबसे बड़ी चिंता अपने परिवारों के सदस्यों से मिलना है। वे बस यह जानना चाहते हैं कि उनके परिवार के लोग सुरक्षित हैं या नहीं। यह मानवीय त्रासदी न केवल संपत्ति का नुकसान है, बल्कि परिवारों के टूटने का भी दर्द है। सरकार को अब इस त्रासदी से उबरने और लोगों को उनके प्रियजनों से मिलाने के लिए विशेष प्रयास करने की जरूरत है।



