पुणे, महाराष्ट्र: पुणे के हडपसर स्थित कचरा डिपो विमानों के लिए एक गंभीर खतरा बन गया है, जिसके कारण स्थानीय निवासियों ने बॉम्बे हाई कोर्ट में एक याचिका दायर की है। याचिका में आरोप लगाया गया है कि यह डिपो लोहेगांव हवाई अड्डे के पास स्थित होने के कारण पक्षियों को आकर्षित करता है, जिससे विमान-पक्षी टकराव (बर्ड स्ट्राइक) का जोखिम बढ़ गया है।
याचिका में कहा गया है कि हडपसर कचरा डिपो लोहेगांव हवाई अड्डे के रनवे से लगभग आठ किलोमीटर दूर स्थित है। इस कचरा डिपो से निकलने वाली दुर्गंध और खुले में पड़ा कचरा बड़ी संख्या में पक्षियों को अपनी ओर खींचता है। ये पक्षी हवाई अड्डे के हवाई क्षेत्र में उड़ते हैं और उड़ान भरने या उतरने वाले विमानों से टकरा सकते हैं, जिससे गंभीर दुर्घटनाएं हो सकती हैं। यह स्थिति यात्रियों और विमानन सुरक्षा के लिए एक बड़ा खतरा पैदा करती है।
निवासियों ने हाई कोर्ट से मांग की है कि कचरा डिपो को तत्काल प्रभाव से बंद किया जाए या उसे किसी ऐसी जगह स्थानांतरित किया जाए जहाँ से हवाई अड्डे के संचालन पर कोई खतरा न हो। उनका तर्क है कि नागरिक उड्डयन सुरक्षा एक गंभीर मुद्दा है और इस पर कोई समझौता नहीं किया जा सकता। यह देखना होगा कि बॉम्बे हाई कोर्ट इस महत्वपूर्ण मुद्दे पर क्या फैसला सुनाता है।



