पुलिसकर्मियों के इलाज हेतु सहायता, कल्याण व्यवस्था पर बढ़ा विश्वास.
516 कर्मियों की मदद साबित करती है बेहतर व्यवस्थागत संवेदनशीलता.
रांची : पुलिसकर्मी हर रोज समाज की सुरक्षा में खड़े रहते हैं। लेकिन जब बीमारी की स्थिति आती है, तब वे असहाय भी हो जाते हैं। इसलिए पुलिस सहाय्य कोष की यह सहायता अत्यंत महत्वपूर्ण कदम है। 1.69 करोड़ की राशि 516 पुलिस परिवारों के लिए नई उम्मीद है। इस निर्णय ने विभागीय संवेदना को मजबूत किया है। गंभीर बीमारियों में तत्काल सहायता बेहद आवश्यक थी। विभाग ने इस दिशा में समय पर कदम उठाया। यह विभाग के मानवीय चरित्र को दर्शाता है। पुलिस बल के मनोबल में वृद्धि होगी। जनता भी इस पहल का स्वागत कर रही है।
602 आवेदन यह दिखाते हैं कि स्वास्थ्य संकट कितना गहरा है। सरकारी सेवाओं में स्वास्थ्य सुरक्षा अभी भी चुनौती है। पुलिस विभाग ने इसे समझा और समाधान की दिशा में कदम बढ़ाया। समीक्षा समिति ने जिम्मेदारी के साथ कार्य किया। हर आवेदन पर निष्पक्षता से विचार हुआ। सहायता केवल आर्थिक नहीं, बल्कि मानसिक राहत भी है। यह कदम सुरक्षा व्यवस्था को भी मजबूत करेगा। पुलिसकर्मी स्वस्थ रहेंगे तो सेवा प्रभावी होगी।
राशि जिलों को भेजने का आदेश जारी किया गया है। पुलिस विभाग ने निरंतर निगरानी की व्यवस्था बनाई है। आवश्यकता पड़ने पर और सहायता उपलब्ध कराई जाएगी। सरकार और पुलिस को मिलकर स्वास्थ्य सुरक्षा पर जोर देना चाहिए। यह एक उत्तम पहल है, पर अभी और सुधार की गुंजाइश है। स्थायी स्वास्थ्य सुरक्षा योजनाओं की दिशा में कार्य जरूरी है। यह कदम भविष्य के मॉडल के रूप में देखा जा सकता है।


